12. Short & Long Question Answers: गंगा की कहानी

लघु उत्तरीय प्रश्नोत्तर (Short Answer Type Questions)

प्रश्न 1: गंगा नदी का जन्म कहाँ हुआ?
उत्तर: गंगा का जन्म हिमालय की गोद में गंगोत्री के गोमुख से हुआ। यहाँ से वह नन्ही धारा के रूप में बहना शुरू करती है। लोग इसे भागीरथी भी कहते हैं।

लघु उत्तरीय प्रश्नोत्तर (Short Answer Type Questions)
प्रश्न 2: देवप्रयाग में गंगा से कौन-सी नदी मिलती है?
उत्तर: देवप्रयाग में अलकनंदा नदी गंगा से मिलती है। यहाँ से गंगा की धारा और भी बड़ी हो जाती है।

प्रश्न 3: हरिद्वार में कौन-सा प्रसिद्ध मेला लगता है?
उत्तर: हरिद्वार में बारह साल बाद कुंभ मेला लगता है। इस मेले में देशभर से लाखों लोग आते हैं।

प्रश्न 4: गंगानहर कहाँ से निकलती है और उसका क्या उपयोग है?
उत्तर: गंगानहर हरिद्वार से निकलती है। यह लाखों एकड़ खेतों को पानी देती है और किसानों के लिए बहुत उपयोगी है।

लघु उत्तरीय प्रश्नोत्तर (Short Answer Type Questions)


प्रश्न 5: कानपुर के कारखानों में गंगा का पानी किस काम आता है?
उत्तर: कानपुर के कपड़े, चमड़े और लोहे के कारखाने गंगा से पानी लेते हैं। इस तरह गंगा उद्योगों की ज़रूरतें पूरी करती है।

प्रश्न 6: प्रयागराज में गंगा का संगम किस नदी से होता है?
उत्तर: प्रयागराज में गंगा का संगम यमुना नदी से होता है। यहाँ हर बारह साल में कुंभ मेला भी लगता है।

प्रश्न 7: गंगा नदी का जल कब गंदा हो जाता है?
उत्तर: गंगा का जल शहरों और कारखानों का गंदा पानी मिलने से गंगा का जल दूषित हो जाता है। काशी तक पहुँचते-पहुँचते जल मटमैला हो जाता है।

प्रश्न 8: गंगा की धाराएँ बंगाल में जाकर क्या रूप लेती हैं?
उत्तर: बंगाल में गंगा की दो धाराएँ बनती हैं। एक धारा बांग्लादेश में पद्मा कहलाती है और दूसरी कोलकाता में हुगली कहलाती है।

प्रश्न 9: गंगा को भारतवासी क्यों पवित्र मानते हैं?
उत्तर: भारतवासी गंगा को माँ की तरह पूजते हैं। वे मानते हैं कि गंगा का जल जीवनदायिनी और पवित्र है।

प्रश्न 10: गंगोत्री में गंगा का क्या महत्व है?
उत्तर: गंगोत्री में गंगा का भव्य मंदिर है। यहाँ देशभर से लोग दर्शन करने आते हैं और इसे बहुत पवित्र मानते हैं।

लघु उत्तरीय प्रश्नोत्तर (Short Answer Type Questions)

दीर्घ उत्तरीय प्रश्नोत्तर (Long Answer Type Questions)

प्रश्न 1: गंगा की यात्रा गंगोत्री से बंगाल की खाड़ी तक कैसे होती है?
उत्तर: गंगा का जन्म गंगोत्री के गोमुख से होता है। फिर वह देवप्रयाग, ऋषिकेश और हरिद्वार से होकर बहती है। हरिद्वार से गंगानहर निकलती है जो खेतों को सींचती है। कानपुर में गंगा उद्योगों को पानी देती है और प्रयागराज में यमुना से मिलती है। वाराणसी और बिहार से होकर गंगा पश्चिम बंगाल पहुँचती है। अंत में उसकी दो धाराएँ बनकर बंगाल की खाड़ी में समा जाती हैं।

प्रश्न 2: गंगा के किनारे बसे नगरों और तीर्थों के बारे में लिखिए।
उत्तर: गंगा के किनारे कई प्रसिद्ध नगर और तीर्थ बसे हैं। ऋषिकेश और हरिद्वार पवित्र तीर्थ हैं। हरिद्वार में कुंभ मेला लगता है। कानपुर में बड़े-बड़े उद्योग हैं जो गंगा से पानी लेते हैं। प्रयागराज में गंगा और यमुना का संगम होता है। वाराणसी भी गंगा के किनारे बसा एक बड़ा तीर्थ है।

प्रश्न 3: गंगा को जीवनदायिनी नदी क्यों कहा जाता है?
उत्तर: गंगा खेतों को पानी देकर अन्न उगाने में मदद करती है। वह कारखानों और लोगों की ज़रूरतें पूरी करती है। साधु-संतों और लोगों को तीर्थस्थलों पर जल देती है। गंगानहर लाखों खेतों को सींचती है। गंगा लोगों की आस्था और संस्कृति से जुड़ी है। इसी कारण इसे जीवनदायिनी नदी कहा जाता है।

प्रश्न 4: गंगा का जल कैसे दूषित होता है और लोग इसे साफ करने के लिए क्या कर रहे हैं?
उत्तर: गंगा का जल कारखानों और शहरों के गंदे पानी से दूषित हो जाता है। गंगोत्री से निकलने पर यह स्वच्छ और चमकीला होता है, लेकिन काशी पहुँचते-पहुँचते मटमैला हो जाता है। अब लोग इसकी स्वच्छता के लिए प्रयास कर रहे हैं। सरकार और समाज मिलकर सफाई अभियान चला रहे हैं। उद्देश्य यही है कि गंगा का जल फिर से निर्मल और पवित्र बने।

दीर्घ उत्तरीय प्रश्नोत्तर (Long Answer Type Questions)
प्रश्न 5: गंगा से हमें क्या शिक्षा मिलती है?
उत्तर: गंगा हमें सिखाती है कि जल जीवन के लिए बहुत जरूरी है। हमें नदियों और पर्यावरण की रक्षा करनी चाहिए। गंगा की तरह हमें भी सबका भला करना चाहिए। अगर हम नदियों को गंदा करेंगे तो यह हमारे लिए ही हानिकारक होगा। लगातार प्रयास से सब कुछ फिर से साफ और सुंदर बनाया जा सकता है। हमें गंगा को स्वच्छ और सुरक्षित रखना चाहिए।